अजीत डोभाल के बयान से बढ़ी सियासी सरगर्मी !
अजीत डोभाल के “खराब शासन” वाले बयान ने सियासी हलचल मचा दी है। उन्होंने पड़ोसी देशों में अस्थिरता का कारण विदेशी साज़िश नहीं बल्कि कमजोर गवर्नेंस को बताया है।
देश के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार के पद पर तैनात एक ज़िम्मेदार अधिकारी के इस बयान को अगर गंभीरता से लिया जाए, तो क्या यह बयान एनडीए की मोदी सरकार के ‘गुड गवर्नेंस’ छवि पर सीधा प्रहार है?
सवाल उठता है कि क्या डोभाल ने अनजाने में ही प्रधानमंत्री मोदी के लिए चेतावनी की घंटी बजा दी है? या बात कुछ और है? अगर ये सच है तो क्या अब डोभाल के खिलाफ कार्रवाई होगी? और क्या इससे ‘डीप स्टेट’ की थ्योरी को बल मिलेगा?



